- तीन लाख से अधिक श्रद्धालु करेंगे साईं की समाधि के दर्शन शिरडी, (ईएमएस)। शिरडी साईंबाबा संस्थान की परंपरा के अनुसार 114वां श्री रामनवमी महोत्सव इस वर्ष शनिवार, 5 अप्रैल से सोमवार, 7 अप्रैल तक बड़े उत्साह के साथ मनाया जाएगा। संस्थान ने अनुमान लगाया है कि इस तीन दिवसीय उत्सव के दौरान 3 लाख से अधिक भक्त शिरडी आएंगे। संस्थान के मुख्य कार्यकारी अधिकारी गोरक्ष गाडिलकर ने कहा कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी महोत्सव के मुख्य दिन साईं बाबा समाधि मंदिर श्रद्धालुओं के लिए खुला रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि श्री रामनवमी महोत्सव की तैयारियां पूर्ण हो चुकी हैं तथा मुंबई में द्वारकामाई मण्डल द्वारा प्रवेश द्वार क्रमांक 4 के अन्दर श्री गजमुख गणपति का भव्य काल्पनिक दृश्य स्थापित किया जा रहा है, साथ ही मुंबई में द्वारकामाई मण्डल एवं साईं भक्त कपिल चड्ढा द्वारा मंदिर एवं संस्थान परिसर में आकर्षक विद्युत प्रकाश व्यवस्था की जाएगी। सऊदी अरब के उदार साईं भक्त वेंकट सुब्रमण्यन के दान से आकर्षक पुष्प सजावट की जाएगी। संस्थान के मुख्य कार्यकारी अधिकारी गोरक्ष गाडिलकर ने यह भी बताया कि महोत्सव के दौरान विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। धूप से बचाव के लिए मंडप बनाया गया। ज्ञात हो कि श्री राम नवमी उत्सव की शुरुआत 1911 में साईं बाबा की अनुमति से हुई थी। तब से यह त्यौहार हर साल शिरडी में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। संस्थान ने श्री रामनवमी महोत्सव के लिए विभिन्न स्थानों से आने वाली 87 पालकियों का पंजीकरण किया है। महोत्सव के दौरान संभावित भीड़ को ध्यान में रखते हुए, आरामदायक दर्शन व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा श्रद्धालुओं को धूप से बचाने के लिए मंदिर एवं संस्थान परिसर में लगभग 67,409 वर्ग फुट के मंडप बनाए गए हैं। इसके अलावा, साईं भक्तों के लिए अतिरिक्त आवास के लिए, साईं बाबा भक्त निवास स्थान (500 कमरे), साई धर्मशाला में बिस्तर और पानी की सुविधा के साथ 38,790 वर्ग फुट का आवासीय कपड़ा मंडप बनाया गया है, तथा बिजली, पानी की आपूर्ति, शौचालय और सुरक्षा की व्यवस्था की गई है। मुंबई और उसके आसपास से पालकी लेकर आने वाले तीर्थयात्रियों को उचित आश्रय प्रदान करने के लिए, संस्थान ने मुंबई-शिरडी राजमार्ग पर खर्डी, गोलभान, कसारा बायपास, लतिफवाडी, घोटी, सिन्नर, खोपडी, पांगरी, वावी, पाथरे, दुशिंगवाडी, मलढोन और झगडे फाटा में पालकी पड़ाव स्थलों पर शामियाना और बिस्तर सहित लगभग 1 लाख 17 हजार वर्ग फीट के कपड़े के मंडप स्थापित किए हैं और इनमें बिजली और पानी की सुविधा प्रदान की गई है। इस वर्ष से साईं भक्तों के लिए पालकी पड़ावों पर भजन-कीर्तन कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। पालकी में साईं भक्तों की व्यवस्था के लिए मोबाइल शौचालय वैन की व्यवस्था की गई है, तथा साईं बाबा के प्रचार-प्रसार के लिए पालकी के पड़ावों पर एलईडी वैन की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा, पालकी के शिरडी पहुंचने पर तीर्थयात्रियों के लिए साईं धर्मशाला में मामूली दर पर आवास की व्यवस्था की जाएगी। सिन्नर से शिरडी मार्ग पर तीर्थयात्रियों को तत्काल चिकित्सा सुविधाएं प्रदान करने के लिए साईंबाबा संस्थान अस्पताल द्वारा एक मोबाइल चिकित्सा दल तैनात किया गया है। यह योजना बनाई गई है कि महोत्सव के दौरान 2 लाख से अधिक साईं भक्त साईं प्रसादालय में प्रसाद ग्रहण करेंगे। तीन दिवसीय महोत्सव के दौरान विभिन्न व्यंजन परोसे जाएंगे। दर्शन कतार और आसपास के क्षेत्रों में भक्तों के लिए चाय, कॉफी और दूध की आसान पहुंच सुनिश्चित करने के लिए साईं कॉम्प्लेक्स, साईं आश्रम, धर्मशाला, भक्तनिवास स्थान (500 कमरे), द्वारावती भक्तनिवास स्थान के साथ-साथ साईं उद्यान भवन परिसर, नई दर्शन कतार, भूतल पर शांतिनिवास भवन में दर्शन कतार और प्रथम तल पर चाय और कॉफी की अतिरिक्त व्यवस्था की गई है। मंदिर क्षेत्र में गुरुस्थान मंदिर के सामने दीक्षित वाड़ा, नई दर्शन रेंज, शांतिनिवास भवन दर्शन रेंज, मारुति मंदिर के बगल में श्री साईं बाबा समाधि मंदिर शताब्दी मंडप, श्री साईं आश्रम (1000 कमरे) और श्री साईं प्रसादालय आदि स्थानों पर प्राथमिक चिकित्सा केंद्र खुले रहेंगे। आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं के लिए इन स्थानों पर एम्बुलेंस भी तैनात की गई हैं। महोत्सव अवधि के दौरान श्रद्धालुओं को प्रसाद लड्डू पैकेट की सहज उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए 180 क्विंटल बूंदी व लड्डू प्रसाद तैयार किया जाएगा तथा नए दर्शनरंग, श्री साईनाथ मंगल खायाओ, श्री साई प्रसादालय, सेवाधाम भवन व सभी आवासों पर लड्डू बिक्री केंद्र स्थापित किए गए हैं। आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त लड्डू बिक्री केंद्र स्थापित करने की भी योजना है। मंदिर परिसर और शिरडी क्षेत्र में कड़ी सुरक्षा बनाए रखने के लिए संस्थान सुरक्षा विभाग के सुरक्षाकर्मी, पुलिस अधिकारी और कर्मचारी, रैपिड एक्शन फोर्स टीम और बम डिटेक्शन टीम को तैनात किया गया है। इसके साथ ही साईं बाबा संस्थान, पुलिस प्रशासन और शिरडी नगर पंचायत की संयुक्त अतिक्रमण विरोधी और दलाली विरोधी टीम तैयार रखी गई है। संजय/संतोष झा- ०२ अप्रैल/२०२५/ईएमएस