अंतरराष्ट्रीय

चीन की बढ़ती सैन्य गतिविधियां भारत ही नहीं पूरी दुनिया के लिए चिंतनीय

11/01/2019

बीजिंग (ईएमएस)। चीन की महात्वाकांक्षा किसी से छिपी नहीं है। वैश्विकस्तर पर उसकी बढ़ती ताकत को लेकर अमेरिका भी चिंतित है। 2019 में देश की सेना के साथ पहली मुलाकात में चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कुछ ऐसा कहा है जो अचंभित करने वाला है। भारत के इस पड़ोसी देश के राष्ट्रपति शी ने अपनी सेना से युद्ध और अप्रत्याशित परिस्थितियों के लिए तैयार रहने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि चीन जरूरत पड़ने पर विदेशों में अधिक सैन्य अड्डे बना सकता है। चीनी सेना पीपुल्स लिब्रेशन आर्मी (पीएलए) के एक वरिष्ठ अधिकारी का ये बयान गुरुवार को मीडिया की एक रिपोर्ट में आया है।
समाचारों के अनुसार, पीएलए के अकादमी ऑफ मिलिट्री साइंसेज के पूर्व वाइस प्रेसिडेंट लेफ्टिनेंट जनरल ही ली ने कहा कि चीन दो शर्तों पर नए अड्डे बनाएगा। एक चीनी अखबार ने उनके उस बयान को छापा जिसमें उन्होंने कहा, इसे मुख्य रूप से इस आधार पर तय किया जाएगा कि क्या चीन को संयुक्त राष्ट्र से जुड़े अभियानों को पूरा करने के लिए नए अड्डे की जरूरत है। दूसरा, ये राष्ट्र की मंजूरी पर निर्भर करेगा कि कहां अड्डे की जरूरत है। उन्होंने कहा, ये संभव है कि चीन विदेशों में मदद के लिए नए अड्डे बना सकता है। चीन का विदेश में सिर्फ एक सैनिक अड्डा हॉर्न ऑफ अफ्रीका के जिबूती में है। चीनी सैन्य विश्लेषकों के हवाले से कहा गया कि नया हथियार पीएलसी-181 व्हिकल माउंटेड होवित्जर हैं। रिपोर्ट में कहा गया कि शनिवार को पीएलए ग्राउंड फोर्स के वीचैट अकाउंट द्वारा जारी किए गए एक लेख में ये घोषणा की गई। इस हथियार का डोकलाम में 2017 चीन-भारत गतिरोध के दौरान तिब्बत में एक तोपखाने की ब्रिगेड के तौर पर इस्तेमाल किया गया था। चीन के एक मिलिट्री विशेषज्ञ ने कहा कि होवित्जर में 52-कैलिबर के तोप लगे हैं जिसकी रेंज 50 किलोमीटर की है। ये लेज़र गाइडेड और सेलेलाइट गाइडेड शूटिंग करता है।
डोकलाम गतिरोध के दौरान चीनी सेना ने इसी देश में टैंकों की ड्रिल की थी। उसके बाद उन्होंने यहां जो होवित्जर तैनात किए हैं वो भारत के लिए सतर्क हो जाने का विषय है। पिछले साल से भारत और चीन के सैन्य संबंध स्थिर हुए हैं। बावजूद इसके मोबाइल होवित्जर की तैनाती ने चीनी सैनिकों को नए उपकरणों के साथ मजबूत करने के पीएलए के मंसूबे को सबके सामने लाया है।
विपिन/ईएमएस/ 11 जनवरी 2019