क्षेत्रीय

प्रभु श्री द्वारिकाधीश ने दिए मोहिनी रूप में दर्शन

16/05/2019

शाजापुर (ईएमएस)। नईसडक़ स्थित सहस्त्र औदिच्च ब्राह्मण समाज धर्मशाला परिसर स्थित भगवान द्वारिकाधीश मंदिर में प्रभुश्री ने मोहिनी ग्यारस के अवसर पर नारी स्वरूप में अपने भक्तों का दर्शन दिए। मंदिर के मुखिया अशोक व्यास के अनुसार प्रभुश्री ने भगवान भोलेनाथ को भस्मासुर से बचाने के लिए मोहिनी रूप धारण किया था। क्योंकि कठोर तपस्या कर भस्मासुर ने भगवान भोलेनाथ को प्रसन्न कर वरदान में भस्म कंकण प्राप्त कर माता पार्वती से विवाह करने के उद्देश्य से भगवान भोलेनाथ को ही भस्म करने के लिए कैलश पर्वत पहुंचा, तब भगवान श्री हरी मोहिनी रूप धारण कर भस्मासुर के साथ नृत्य कर के भस्मासुर को भस्म किया और भोलेनाथ की रक्षा की थी। उस दिन को मोहिनी ग्यारस के नाम से जाना जाता है। वैषणव पुष्टिमार्गीय मंदिरों मोहिनी ग्यारस के दिन को उत्सव के रूप में मनाया जाता है। अत: वैशाख शुक्ल पक्ष में आने वाली मोहिनी एकादशी को उत्सव के रूप में मनाया गया। शाम 7.30 बजे दर्शन खुलने के बाद प्रभुश्री की आरती उतारी गई एवं भजन कीर्तन के बाद प्रसादी वितरण किया गया। इस अवसर पर सभी वैषणव पुष्टिमार्गीय भक्तों के साथ मंदिर समिति के अघ्यक्ष रामचंद्र पटेल, चांदनारायण त्रिवेदी, कैलाश त्रिवेदी, समाज अध्यक्ष महेश त्रिवेदी, चंद्रहास शर्मा, मनोहरलाल शर्मा, मनीष त्रिवेदी, सचिन भट्ट, पंकज शर्मा, प्रिंकेश आचार्य, अनिल त्रिवेदी सहित बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल थीं।
प्रवीण/16/05/2019