क्षेत्रीय

घर-घर में जागे देव

08/11/2019

देव उठनी ग्यारस पर हुए कार्यक्रम
अशोकनगर(ईएमएस)। जिले भर में देव उठनी ग्यारस पर शुक्रवार को देव जागने पर विभिन्न धार्मिक आयोजन हुए। शहर में भी देव उत्थान ग्यारस पर एक दिन पहले से तैयारियां की गई। देर सांय घर-घर में देव जागने पर पूजा-अर्चना की गई।
सनातन धर्मियों ने उपवास व्रत के साथ आरती उतारी और देव जगाने के लिए परिक्रमा करते हुए उठो देव-बैठों देव, पाउड्री चटकाओं के उच्चारण के साथ देव को सामग्री भेंट की गई। बताया गया है कि भगवान विष्णु अषाढ़ मास की शुल्क पक्ष एकादशी को चार माह के लिए छीर सागर में शयन करते हैं। चार माह उपरांत कार्तिक शुक्ल एकादशी को उनके जागने पर यह आयोजन किया जाता है। तब से अब तक देव सोने से मांगलिक कार्य बंद रहते हैं। आज शुक्रवार को देव उठने से ही शुभ मांगलिक कार्यों की शुरुआत हो गई है। नगर में देव जगाने के लिए बाजार मेें आंवला, बेर, मूली चने, सिगाड़ा, मूंगफली, गन्ना, सीताफल और ज्वार के भुट्टे व गन्ने बिक्री के लिए आए। इस सामग्री की बिक्री देर सांय तक बाजार में जमकर चलती रहीं। महंगाई के कारण इन वस्तुओं को लोगों ने पूजा की आवश्यक सामग्री मानकर जरूर खरीदा। इसके अलावा खीलों, मिठाई और दीप आदि सामग्री भी खरीदी गई। हिन्दु रीति-रिवाज के अनुसार देव सोने से देव उठने तक शादी विवाह और शुभ कार्य का आयोजन नहीं होता। जिसको लेकर कुंवारे लोगों को देव उठने का बेसब्री से इंतजार रहता है।
विवाह की तैयारियों में जुटे लोग:
देव उठानी ग्यारस के चलते बाजार में शादी व्याह की तैयारियों के लिए बैंड बाजों, हलवाईयों, मैरिज गार्डन आदि की बुकिंग हो रही है। कुछ की बुकिंग तो काफी समय पूर्व भी हो चुकी हैं। शादी ब्याह के लिए अभी कुछ ही दिन बाकी है लेकिन बाजार में दूल्हें के लिए सेहरा, कटार, माला व दुल्हन के लिए सौंदर्य प्रसाधन, चुनरी आदि वस्तुओं की दुकानें बाजार में अभी सज गई है। जिसके घर में शादी-ब्याह हंै उन लोगों की तो खरीददारी भी दीपावली के बाद प्रारंभ हो गई है। बैंड बाजों की एडवांस बुकिंग शादी ब्याह का माहौल है और नाच गाना ना हो ऐसा हो नहीं सकता इन की बुकिंग रोजाना चालू है। ज्योतिषों के अनुसार इस साल में विवाह के मुहूर्त कम है लेकिन जिस तिथि में मुहूर्त है उनमें एक ही दिन में काफी ज्यादा विवाह होने से लोगों को काफी परेशानी हो सकती है।
कपड़ों की बिक्री बढ़ी:
कपड़ों की दुकानों पर दुल्हा-दुल्हन के लिए अनेक वैरायटी भी उपलब्ध है जिसमें दुल्हा के लिए सूट शेरवानी से लेकर दुल्हन के लिए विशेष जरी लहंगा कपड़ों को ध्यान में रखते हुए शहर के प्रतिष्ठित दुकान मालिकों ने अनेक वैरायटी उपलब्ध कराई गई है। जिनमें दुल्हों के डिजायनदार जूतों के साथ दुल्हन की सैडिलें व कई तरह की फैंसी चप्पलों की भी मैचिंग का ध्यान रखा गया है। शादी ब्याह में बारातियों के लिए बसें व शादी उपरांत विदा के लिए चार पहिया वाहनों की बुकिंग से लोगों को गाडिय़ों के लिए भी अपनी-अपनी बुकिंग प्रारंभ कर दी है।
धर्मेन्द्र 08 नवम्बर 2019