क्षेत्रीय

अनुकूल है मौसम का मिजाज, बेहतर होगी देशी आम की आवक!

04/05/2021

खरगोन (ईएमएस) । इन दिनों अंचल में कच्चे आम (कैरी) की बहार है। आमतौर पर इससे गर्मियों में सेहत के लिए फायदेमंद पना और अमचूर व चटनी आदि बनाई जाती है। किसानों की मानें तो जून में देशी आम की आवक शुरु हो जाएगी, जिससे जिले की मंडियां देशी आम की सुगंध से महक उठेंगी। फल कारोबारी कहते हैं कि गत वर्ष उत्पादन कमजोर रहा था। चूंकि आम एकांतर फसल है, इसलिए इस बार पैदावार बेहतर होगी।
अंचल का देशी आम अपनी खुशबू और मिठास के लिए समूचे देश में मशहूर है। जिले के घने जंगलों वाले इलाके भगवानपुरा, धुलकोट, झिरन्या आदि में आम के पेड़ों पर भरपुर कैरियां लग रही है। इस सीजन में अब तक मौसम का मिजाज आम की पैदावार के लिए अनुकूल माना रहा है और किसानों को पूरी उम्मीद है कि इस साल उपज बेहतर होगी। यानी इस बार देशी आम की मिठास का जमकर लुत्फ उठाया जा सकेगा। हालांकि कोरोना महामारी से उपजी परिस्थितियों के कारण आम उत्पादक किसान उचित दाम मिलने को लेकर चिंता में हैं। किसानों के अनुसार जिले के देशी आम की मांग गुजरात, राजस्थान, महाराष्ट्र सहित प्रदेश के शहरों में रहती है। हर साल सीजन में यहां की मंडियों से बड़ी तादाद में विभिन्न प्रजाति का देशी आम निर्यात होता है। मई अंत तक कृषक आम को बेडऩा यानी तोडऩा प्रारंभ कर देंगे। आम में दो चीजें बेहद महत्वपूर्ण होती हैं। एक खुशबू और दूसरी स्वाद।
नाजिम शेख/04मई2021