व्यापार

पीएनबी ने डिजिटाइजेशन को अपनाया

15/07/2020


-कोरोना के कारण नहीं डरें बैंकिंग सुविधा लेने से
नई दिल्ली (ईएमएस)। पीएनबी ने अपनी ग्राहक सेवाओं को सुगम बनाने के लिए व्यापक स्तर पर डिजिटाइजेशन को अपनाया है। इस दिशा में क्या-क्या हो रहा है, इस बारे में हम विस्तार से चर्चा कर रहे हैं। यह कहना है सार्वजनिक क्षेत्र में दूसरे नंबर के बैंक, पीएनबी के एक वरिष्ठ अधिकारी का। उन्होंने कहा कि अधिकतर बैंकों ने अपने ग्राहकों को कैश होम कम्फर्ट के साथ विकल्प प्रदान करने के लिए अनेक पहल की है। आज, ऑनलाइन बैंकिंग से ग्राहकों की बैंकों तक हर समय पहुंच बनी हुई है। बैंकों ने अपने ग्राहकों को बैंक द्वारा दी जाने वाली डिजिटल सेवाओं का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित करने पर ध्यान केन्द्रित कर रहा है। बैंकों ने अपने ग्राहकों के व्यवसाय / व्यक्तिगत उपयोग के लिए सुरक्षित, संरक्षित और विश्वसनीय भुगतान साधन प्रदान करने के लिए मजबूत पहल भी की है। तकनीक की तरक्की के साथ ही बैंकों ने भी तरक्की कर ली है। अब लगभग सभी बैंकों ने अपने ग्राहकों को एनईएफटी, आरटीजीएस, आईएमपीएस और यूपीआई जैसी ई-बैंकिंग सुविधाओं से लैस किया है। इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल बैंकिंग, यूपीआई और आईएमपीएस जैसे विभिन्न डिजिटल भुगतान के माध्यम अब आम हो गए हैं। इन सुविधाओं का उपयोग कर आप वैयक्तिक रूप से दूरी बनाते हुए बैंकिंग कर सकते हैं। अब लगभग सभी बैंकों ने अपने ग्राहकों को इंटरनेट बैंकिंग की सुविधा देना शुरू कर दिया है। यह सुविधा नि:शुल्क है, इसलिए यह सुविधा लेने में कोई खर्च भी नहीं करना पड़ता है। जिन ग्राहकों के पास यह सुविधा है, वह बिना बैंक की शाखा गए ही चेकबुक के लिए आवेदन दे सकते हैं। आवेदन देते ही चेकबुक उनके घर पर डिलीवर हो जाएगा। अक्सर ग्राहक सुरक्षित तरीके से निवेश और बेहतर रिटर्न के लिए बैंकों में मियादी जमा खाता या आवर्ती जमा खाता खोलते हैं। पहले इन खाताओं को खोलने के लिए बैंक जाना जरूरी होता था। अब यह सब घर बैठे ही ऑनलाइन हो सकता है या फिर बैंक का मोबाइल ऐप डाउनलोड कर मोबाइल फोन के जरिये ही हो सकता है।पीएनबी समेत सभी बैंकों ने अपने ग्राहकों को ऑनलाइन बिल भुगतान का विकल्प दिया है। अब आप बिजली, पानी, गैस, टेलीफोन, बीमा प्रीमियम आदि जैसी जरूरी सुविधाओं के लिए बिलों का भुगतान ऑनलाइन ही कर सकते हैं। इससे लोगों का समय तो बच ही रहा है, बिल के भुगतान के लिए लाइन में खड़े होने से भी मुक्ति मिल रही है।
सुदामा/ईएमएस 15 जुलाई 2020