क्षेत्रीय

‘‘मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना‘‘ ने अनन्या को दिया जीवनदान

09/09/2019

खण्डवा (ईएमएस)। खण्डवा विकासखंड के ग्राम डोंगरगांव निवासी सुनील सिंदे के घर बड़ी मन्नतों व इंतजार के बाद पुत्री अनन्या का जन्म हुआ। घर में कुछ दिन तो खुषी का माहौल रहा , लेकिन जैसे-जैसे बालिका अनन्या बडी होती गयी मॉं बाप की चिंता बढ़ने लगी, क्योंकि वह और बच्चो की तरह जी भर के खेल नहीं पाता था, थोड़ा सा खेलने के बाद ही अनन्या की सांस फूलने लगती और अनन्या हॉंफने लगती। उसकी ऐसी हालत में देख माता-पिता चिंतित हो उठते थे। गांव के कुछ लोगों ने सुनील को बताया कि इस तरह के लक्षण उन बच्चों में पाये जाते है, जिनके दिल में छेद होने या ह्दय का वॉल्व खराब होने की समस्या होती है। यह सुनकर सुनील पर मानों बिजली गिर पड़ी क्योंकि उसकी आर्थिक स्थिति इतनी अच्छी नहीं थी कि वह अपनी बेटी के हृदय रोग का उपचार करा सके।
एक दिन गांव में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण षिविर आयोजित हुआ। डोंगरगांव ग्राम की आशा कार्यकर्ता संगीता सोलंकी ने सुनील को ब्लॉक की आर.बी.एस.के. की टीम से मिलाया और टीम व्दारा जांच करने पर बच्चे को हृदय संबंधी समस्या का पता चला, अनन्या को राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के डॉ. महेन्द्र मोर्य, डॉ. संगीता सोलंकी को भी दिखाया गया। उन्होंने अनन्या का स्वास्थ्य परीक्षण जिला अस्पताल खण्डवा में डॉ. भूषण बांडे से करवाया जिसमें उसे हृदय रोग की पुष्टि हुई और उन्हें एसआरसीसी शिशु रोग अस्पताल मुम्बई के लिए रेफर किया गया। मुम्बई के एसआरसीसी शिशु रोग अस्पताल व्दारा अनन्या की निःशुल्क जांचे की गई तथा उसके इलाज पर 90000 रू. संभावित खर्च बताया गया। समस्त कागजी कार्यवाही पूर्ण कर अनन्या के ऑपरेषन हेतु ‘‘मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना‘‘ अंतर्गत आवेदन करवाया गया और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी.एस. चौहान व्दारा द्वारा उसके लिए 90000 की राशि स्वीकृत की गई। स्वीकृति उपरांत अनन्या का सफल ऑपरेशन एसआरसीसी शिशु रोग अस्पताल मुम्बई में निःशुल्क किया गया । अब अनन्या पूर्ण रूप से स्वस्थ है उसे अब खेलने कूदने में किसी भी प्रकार की समस्या नहीं होती और न ही थकान और हॉफनी आती है, जिससे उसके माता पिता बहुत खुश है।
प्रवीण/09/09/2019