राष्ट्रीय

अडानी को जुलाई में मिल सकती है छह हवाई अड्डों के संचालन की जिम्मेदारी

11/06/2019

नई दिल्ली (ईएमएस)। अडानी एंटरप्राइजेज को अगले महीने जुलाई में छह हवाई अड्डों के संचालन की जिम्मेदारी मिल सकती है। इससे पहले अडानी समूह ने नीलामी प्रक्रिया से देश में छह हवाई अड्डों के संचालन की जिम्मेदारी हासिल कर ली थी। अब अगले महीने कैबिनेट की मंजूरी के बाद ये उसे औपचारिक रुप से सौंपे जाएंगे। नागर विमानन विभाग के अधिकारियों के अनुसार ' नरेन्द्र मोदी सरकार के पिछले कार्यकाल के दौरान इन प्रॉजेक्ट्स के लिए बोली प्रक्रिया पूरी की गई थी पर तब सरकार का कार्यकाल पूरा हो जाने के कारण कैबिनेट इस मामले को मंजूरी नहीं दे पायी थी और विभाग का नोट कैबिनेट सचिवालय ने स्वीकार नहीं किया था। अब हम यह नोट दोबारा भेज रहे हैं। उम्मीद है कि जुलाई के अंत तक इसे मंजूरी मिल जाएगी। विभाग के एक अधिकारी ने कहा 'छह हवाई अड्डे अडानी एंटरप्राइजेज को ट्रांसफर करने का काम इसके बाद शुरू होगा। इन एयरपोर्ट्स को अभी एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया चला रही है। वहीं इन एयरपोर्ट्स के कर्मचारियों के पास अडानी एंटरप्राइजेज में जाने या सरकारी संस्थान में बने रहने का विकल्प होगा। अडानी को अहमदाबाद, लखनऊ, जयपुर, गुवाहाटी, तिरुवनंतपुरम और मैंगलोर के हवाई अड्डे 50 साल के लिए चलाने का अधिकार मिला था। यह नीलामी पिछले साल कराई गई थी। एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने अनुमान लगाया है कि इन छह हवाई अड्डों के निजीकरण से उसे सालाना 1300 करोड़ रुपये मिलेंगे। वहीं अडानी एंटरप्राइजेज ने इन छह हवाई अड्डों के लिए बढ़-चढ़कर बोली लगाई थी। सूत्रों ने बताया कि उसका ऑफर देश के सबसे बड़े एयरपोर्ट मैनेजर जीएमआर ग्रुप से ज्यादा का था।
हवाईअड्डा प्राधिकरण के चेयरमैन जी पी महापात्रा ने कहा कि इससे जो भी आमदनी होगी, उसका उपयोग देश के सुदूरवर्ती इलाकों में हवाई अड्डे डिवेलप करने में किया जाएगा। महापात्रा ने कहा, 'इन छह हवाई अड्डों का निजीकरण होने से इनके प्रबंधन की जिम्मेदारी हम पर नहीं रह जाएगी। इससे हमें काफी आमदनी होगी, जिसका उपयोग देश में छोटे हवाई अड्डे बनाने में किया जा सकता है जिनमें प्राइवेट कंपनियां दिलचस्पी नहीं लेती हैं।' उन्होंने कहा, 'इन छोटे हवाई अड्डों के तैयार होने से देश में विमानन क्षेत्र की तरक्की में मदद मिलेगी।'पिछले साल नवंबर में सरकार ने इन छह हवाई अड्डों को पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप के आधार पर चलाने का एक प्रस्ताव मंजूर किया था।
गिरजा/ईएमएस 11 जून 2019