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बागपत हादसा:यमुना नदी में नाव पलटने से 22 की मौत

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- मुख्यमंदत्री ने किया 2-2 लाख मुआवजा का ऐलान
- राहत में देरी से गुस्साए ग्रामीण
बागपत (ईएमएस)। उत्तरप्रदेश के बागपत में यमुना नदी में नाव के पलट जाने से 22 लोगों की मौत हो गई। 12 लोगों को दिल्ली व मेरठ के लिए रेफर कर दिया गया है तथा कई लोग अभी भी लापता है। राहत व बचाव कार्य जारी है। मुख्यमंत्री योगी आद‍ित्यनाथ ने मृतकों के लिए 2-2 लाख मुआवजे का ऐलान किया। योगी आदित्यनाथ ने दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है और हादसे की जांच के निर्देश दिए हैं तथा जिलाधिकारी को मृतकों के परिजनों को हर संभव राहत दिलाने के निर्देश दिए हैं।
उत्तरप्रदेश के बागपत से तकरीबन 6 किमी दूर काठा गांव के पास यमुना नदी में एक नाव के पलट जाने से अभी तक 22 लोगों की मौत की पुष्टि हो गई है। जबकि दर्जनों लोग अभी लापता हैं जिनकी गोताखोरों के द्वारा तलाश की जा रही है। 
बताया जा रहा है कि नाव में 50 से 60 यात्री सवार थे। थोडे से पैसे की लालच में नाव चालक ने ज्यादा सवारी बैठा ली थी जिसके कारण यह हादसा हुआ हैं। राहत व बचाव कार्य जारी है। मौके पर डीएम-एसपी पहुंच चुके हैं। परंतु लोगों का कहना है कि राहत कार्य बहुत धीमी गति से चल रहा हैं। बचाव कार्य में देरी से गुस्‍साए गांववालों ने द‍िल्ली-सहारनपुर हाइवे जाम कर दिया। जाम खुलवाने पहुंचे एएसपी से हाथापाई हो गई।
मुख्यमंत्री योगी आद‍ित्यनाथ ने बागपत में हुए नाव हादसे पर गहरा शोक जताया है। डीएम को लोगों की हर संभव मदद कराने के न‍िर्देश द‍िए हैं। मुख्यमंत्री ने नाव हादसे में मारे गए लोगों के पर‍िवारों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान भी क‍िया है। घटना से गांव काठा में कोहराम मचा हुआ है जबकि प्रशासन की निष्क्रियता से नाराज लोगों ने दिल्ली सहारनपुर हाइवे को जाम कर दिया है। मिली जानकारी के अनुसार बागपत के काठा गांव निवासी अनेक महिला और पुरुष हर रोज नाव द्वारा यमुना पार करके मजदूरी और खेती किसानी के लिए हरियाणा जाते हैं। योगी आदित्यनाथ ने बागपत में हुई नाव दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है और हादसे की जांच के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जिलाधिकारी को मृतकों के परिजनों को हर संभव राहत दिलाने के निर्देश दिए और मुआवदे का ऐलान किया।
स्थानीय लोगो के अनुसार जिले में इतना बड़ा हादसा होने के बाद भी प्रशासनिक अधिकारियों की लेटलतीफी  बरकरार रहा। हादसे के कई घंटे बाद मौके पर पहुंचे डीएम और प्रभारी एसपी को लोगों ने घेर लिया। लोगों का कहना था कि घटना के करीब तीन घंटे बाद अधिकारी मौके पर पहुंचे जबकि जिला मुख्यालय बागपत से काठा गांव की दूरी बमुश्किल 6 किमी है। प्रशासन द्वारा राहत व बचाव कार्य की कोई पुख्ता इंतजाम नहीं किए जाने से भी लोग काफी नाराज दिखाई दिए।
डेविड/ईएमएस 14 सितम्बर 2017
 
 
Admin | Sep 13, 2017 11:34 AM IST
 

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